CJP आंदोलन में ध्रुव राठी की भागीदारी
प्रसिद्ध यूट्यूबर ध्रुव राठी इस समय कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) आंदोलन का समर्थन करने के लिए भारत में हैं। वह मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग करते हुए CJP के प्रदर्शन में शामिल होने जा रहे थे, लेकिन इससे पहले उन्हें हिरासत में ले लिया गया। हालांकि, बाद में उन्हें रिहा कर दिया गया। अपनी रिहाई के बाद, राठी ने इसे अपहरण की संज्ञा दी। इसके बाद से वे लगातार मीडिया इंटरव्यू दे रहे हैं, जिसमें उन्होंने नितिन गडकरी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भी जिक्र किया।
राजनीतिक समर्थन पर ध्रुव राठी की स्पष्टता
बीबीसी हिंदी को दिए एक इंटरव्यू में, ध्रुव राठी से सीजेपी आंदोलन के समर्थन के संदर्भ में सवाल पूछे गए। जब उनसे पूछा गया कि क्या वे सिर्फ CJP का समर्थन कर रहे हैं या कांग्रेस का भी, तो उन्होंने स्पष्ट करते हुए कहा, 'मैं हर उस व्यक्ति का समर्थन कर रहा हूं जो इस मुद्दे का समर्थन कर रहा है। यदि नितिन गडकरी आज इस मुद्दे का समर्थन करते हैं, तो मैं उनका भी समर्थन करूंगा। अगर नरेंद्र मोदी यह कह दें कि चुनाव आयोग में सुधार की जरूरत है, तो मैं उनका भी समर्थन कर दूंगा। मुद्दा महत्वपूर्ण है, लोगों को पार्टी की पहचान से परे सोचना चाहिए।'
वर्तमान हालात की तुलना इमरजेंसी से
ध्रुव राठी ने वर्तमान राजनीतिक माहौल को लेकर चिंता जताते हुए कहा, 'मैं एक इंटरव्यू देख रहा था जिसमें एक बुजुर्ग व्यक्ति ने 1975 की इमरजेंसी का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि आज की स्थिति इतनी खराब है कि पुलिसवाले लोगों को बिना किसी कारण पकड़ लेते हैं। यह स्थिति अत्यंत चिंताजनक है।' उन्होंने यह भी बताया कि बुजुर्ग व्यक्ति की बात सुनते हुए उन्हें यह स्पष्ट हुआ कि मौजूदा समय में हालात इमरजेंसी से भी बदतर हैं।
नागरिकता के मुद्दे पर स्पष्टता
नागरिकता से जुड़े एक सवाल पर, ध्रुव राठी ने कहा, 'मैं एक भारतीय नागरिक हूं। मेरे पास भारतीय पासपोर्ट है और मैं यहां विरोध प्रदर्शन में शामिल होने आया हूं क्योंकि मेरा मानना है कि वोट की चोरी और निर्वाचन आयोग में गड़बड़ी एक बड़ा मुद्दा है।' उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रदर्शन में शामिल होने के लिए दिल्ली पुलिस ने उन्हें धमकी दी कि यदि उन्होंने ऐसा करने की कोशिश की, तो उन्हें तुरंत हिरासत में ले लिया जाएगा।
नागरिकता संबंधी दावों का खंडन
राठी ने अपने नागरिकता संबंधी दावों पर प्रतिक्रिया देते हुए एक वीडियो में अपना पासपोर्ट दिखाया और कहा कि वह भारतीय नागरिक हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनका प्रदर्शन में शामिल होने का कोई इरादा नहीं था, जिसके आरोपों को उन्होंने खारिज किया।





