याचिका पर सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की अगुवाई में विपक्षी नेताओं द्वारा निर्वाचन आयोग के खिलाफ दायर याचिका की सुनवाई आज सुप्रीम कोर्ट में होगी। मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत के नेतृत्व में तीन जजों की बेंच इस मामले पर विचार करेगी। यह सुनवाई 15 अक्टूबर को निर्धारित की गई है।
इस याचिका के माध्यम से विपक्षी दलों ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाते हुए सुप्रीम कोर्ट से हस्तक्षेप की मांग की है।
याचिका की मुख्य मांगें
राहुल गांधी और अन्य विपक्षी नेताओं ने याचिका में मुख्यतः तीन मांगें रखी हैं। पहली मांग है SIR प्रक्रिया पर रोक, जिसमें आरोप लगाया गया है कि इस प्रक्रिया के तहत बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम काटे गए हैं।
दूसरी मांग के तहत, विपक्षी दलों ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की कार्यप्रणाली की जांच की मांग की है। तीसरी मांग में, उन्होंने निर्वाचन आयोग के तीनों आयुक्तों के बीच की फाइलों, एजेंडे, मीटिंग मिनट्स और आपत्तियों की जानकारी को सार्वजनिक करने की अपील की है।
मार्च के दौरान याचिका का दायर होना
सोमवार को, राहुल गांधी ने विपक्षी दलों के साथ मिलकर सुप्रीम कोर्ट की ओर मार्च किया, जिसके बाद याचिका दायर की गई। यह याचिका तब सुर्खियों में आई जब इसमें 14 त्रुटियाँ पाई गईं, जिसके कारण इसे तुरंत सुनवाई के लिए प्रस्तुत नहीं किया जा सका।
राहुल गांधी के साथ इस याचिका में अन्य प्रमुख नेताओं जैसे कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, समाजवादी पार्टी के अखिलेश यादव, और राष्ट्रीय जनता दल के तेजस्वी यादव का नाम भी शामिल है।
याचिकाकर्ताओं की सूची
याचिका में शामिल अन्य नेताओं की सूची में संजय राउत, डी. राजा, महुआ माजी, ई. टी मोहम्मद बशीर और सुप्रिया सुले जैसे प्रमुख नाम शामिल हैं। यह याचिका संयुक्त रूप से विपक्षी दलों द्वारा दायर की गई है, जिसमें उनकी सामूहिक चिंताएँ और निर्वाचन आयोग पर उठाए गए सवाल शामिल हैं।





