स्टार्टअप कंपनियों को फाइनेंस करेगी सरकार
Latest News
bookmarkBOOKMARK

स्टार्टअप कंपनियों को फाइनेंस करेगी सरकार

By PrabhatKhabar calender  25-Aug-2019

स्टार्टअप कंपनियों को फाइनेंस करेगी सरकार

झारखंड में स्टार्टअप के विस्तार के लिए राज्य सरकार स्टार्टअप कंपनियों को फाइनेंस करेगी. इसके लिए तीन कंपनियों का निबंधन कर लिया गया है. ये तीन कंपनियां हैं- झारखंड वेंचर कैपिटल लिमिटेड, झारखंड वेंचर कैपिटल ट्रस्टी लिमिटेड और झारखंड स्टार्टअप एंड एमसएमइ फंड. इन तीनों कंपनियों की स्थापना की स्वीकृति कैबिनेट से पूर्व में ही ले ली गयी है. उद्योग सचिव के रवि कुमार ने बताया कि तीनों कंपनियों का निबंधन हो चुका है. एक से दो माह में सुविधा मिलने लगेगी. 
 
गौरतलब है कि राज्य में स्टार्टअप के विस्तार के लिए वेंचर कैपिटल फंड की स्थापना की जा रही है. इससे लगभग 1000 प्रत्यक्ष व 1500 अप्रत्यक्ष स्टार्ट को विकसित होने का मौका मिलेगा. वेंचर कैपिटल फंड की स्थापना से स्टार्टअप कंपनियों को वित्तीय प्रोत्साहन प्राप्त होगा. इससे स्थानीय युवाओं में रोजगार के अवसर पैदा होंगे.  
 
झारखंड स्टार्टअप एंड एमएसएमइ फंड 
यह कंपनी सेबी में अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट फंड 2012 के तहत पंजीकृत हुई है. इस फंड की प्रस्तावित राशि 100 करोड़ की होगी. इसमें 49 करोड़ की राशि राज्य सरकार देगी. शेष 51 करोड़ की राशि विभिन्न बैंकों, इन्वेस्टमेंट कंपनी, डेवलपमेंट कंपनी या नाबार्ड से ली जायेगी. 
 
झारखंड वेंचर कैपिटल ट्रस्टी लिमिटेड 
इस कंपनी का कार्यालय उद्योग भवन रातू रोड रांची में है. यह ट्रस्टी के रूप में काम करेगी. साथ ही फंड की मॉनिटरिंग का काम भी करेगी. इसके अंशधारक उद्योग विभाग व जियाडा को रखा गया है. निदेशक मंडल में विकास आयुक्त चेयरमैन, अन्य निदेशकों में योजना सह वित्त सचिव, आइटी सचिव, उद्योग सचिव व एक स्वतंत्र निदेशक हैं. जियाडा निदेशक एमडी होंगे. 
निर्मला जी, इन 33 मंत्रों से नहीं भागेगा मंदी का भूत
झारखंड वेंचर कैपिटल लिमिटेड 
इस कंपनी का कार्यालय रातू रोड में है. यह सभी प्रकार के निवेश व व्यापार में सलाह देगी. बेहतर व्यापार के लिए यह कंपनी इक्विटी व अन्य रूप में पूंजी की व्यवस्था भी करेगी. इस कंपनी के निदेशक मंडल के चेयरमैन उद्योग सचिव हैं. 
 
मैनेजिंग डायरेक्ट उद्योग निदेशक, अाइटी निदेशक व जियाडा के एमडी इसके निदेशक हैं. गुजरात वेंचर फंड लिमिटेड के एक वित्तीय एक्सपर्ट को स्वतंत्र निदेशक बनाया गया है.

MOLITICS SURVEY

'ओला-ऊबर के कारण ऑटो सेक्टर में मंदी' - क्या निर्मला सीतारमण के इस बयान से आप सहमत है ?

TOTAL RESPONSES : 42

Raise Your Voice
Raise Your Voice 

Suffering From Problem In Your Area ? Now Its Time To Raise Your Voice And Make Everyone Know