राष्ट्रपति ने अपने संबोधन में देश की प्रगति की ओर इशारा करते हुए कहा कि पिछले कुछ वर्षों में कई बड़े फैसले लिए गए हैं जिनका लाभ समाज के विभिन्न वर्गों को मिल रहा है। 3 करोड़ परिवारों को घर देने की योजना को लेकर राष्ट्रपति ने कहा कि यह सरकार की गरीबों, महिलाओं और युवाओं के लिए प्राथमिकता का प्रतीक है। इसके अलावा, पीएम किसान सम्मान निधि के तहत 41 हजार करोड़ रुपये की राशि किसानों तक पहुंची है और जनजातीय समुदाय के लिए 80 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
राष्ट्रपति ने आयुष्मान भारत योजना और पीएम ग्राम सड़क योजना का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि आयुष्मान योजना के तहत बुजुर्गों के इलाज के लिए 5 लाख रुपये तक का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा, पीएम ग्राम सड़क योजना के तहत 25,000 बस्तियों को जोड़ने के लिए 70 हजार करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। इस दौरान राष्ट्रपति ने 6 महीनों में 17 नई वंदे भारत ट्रेनों की शुरुआत का भी जिक्र किया और कहा कि भारत जल्द ही तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में अग्रसर है।
राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि सरकार ने सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के सिद्धांत पर काम किया है। स्वच्छ भारत अभियान के तहत 12 करोड़ शौचालयों का निर्माण हुआ है और उज्जवला योजना के तहत गरीबों को सिलेंडर प्रदान किए गए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि सरकारी कर्मचारियों के लिए 8वें वेतन आयोग का गठन किया जाएगा और मध्यम वर्ग के सपनों को पूरा करने के लिए रेरा जैसे कानून बनाए गए हैं। महिलाओं के अधिकारों के लिए उठाए गए कदमों को लेकर राष्ट्रपति ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम का जिक्र किया और कहा कि लोकसभा और विधानसभा में महिलाओं को आरक्षण देने का निर्णय ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं को सशक्त बनाने की योजनाओं का भी उल्लेख किया और बताया कि 10 करोड़ महिलाएं अब इन समूहों से जुड़ी हैं।
राष्ट्रपति ने शिक्षा क्षेत्र में भी सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख किया, जिसमें आधुनिक शिक्षा व्यवस्था की दिशा में कदम उठाए गए हैं। उन्होंने कहा कि मातृभाषा में शिक्षा की व्यवस्था की जा रही है और उच्च शिक्षा संस्थानों की संख्या बढ़ाई गई है। इसके अलावा, भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) की उपलब्धियों का भी जिक्र करते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि गगनयान मिशन के तहत एक भारतीय अंतरिक्ष में जाएगा और देश ने 100 लॉन्च सफलतापूर्वक किए हैं।
आर्थिक विकास की दिशा में राष्ट्रपति ने मेक इन इंडिया, 5G, और यूपीआई जैसी पहलें बढ़ाने की बात की। उन्होंने कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था ने कोविड और वैश्विक संघर्षों के बावजूद स्थायित्व दिखाया है और भारत अब तकनीकी क्षेत्र में प्रमुख वैश्विक खिलाड़ी के रूप में उभर रहा है।
स्वास्थ्य क्षेत्र में, राष्ट्रपति ने सस्ती और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं की दिशा में सरकार के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने बताया कि 75 हजार नई मेडिकल सीटें बनाई गई हैं और आयुष्मान योजना के तहत स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार किया गया है।
किसान हितों के लिए सरकार के प्रयासों का जिक्र करते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि कृषि क्षेत्र में अनाज उत्पादन में रिकॉर्ड वृद्धि हुई है और किसानों की आय बढ़ाने के लिए कई योजनाएं बनाई गई हैं। उन्होंने यह भी बताया कि आदिवासी क्षेत्रों में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा दिया जा रहा है। राष्ट्रपति ने अंत में कहा कि सरकार ने नॉर्थ ईस्ट राज्यों के लिए कई योजनाएं बनाई हैं और जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 हटने के बाद एक नया विकास वातावरण बना है। उन्होंने यह भी कहा कि हम सभी मिलकर काम करेंगे तो 2047 तक भारत एक समृद्ध और विकसित राष्ट्र बनेगा।





