
बिहार: 'बिना दिमाग के काम करती है सरकारी संस्थाएं?'- HC की नीतीश सरकार पर सख्त टिप्पणी
- एक महिला कॉलेज के सेक्शन ऑफिसर पद से रिटायर हुए शख्स को निचले पद का वेतनमान देने के मामले में पटना हाईकोर्ट ने कड़ी टिप्पड़ी की।
- हाईकोर्ट ने नीतीश सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए नाराजगी जाहिर की और शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव पर 20 हजार का जुर्माना लगाया।
- जस्टिस चक्रधारी शरण सिंह ने कहा- भारत के संविधान में परिभाषित कोई संस्था बिना दिमाग के काम नहीं कर सकती और राज्य ने अपनी गलतियों को सुधारने के बजाय शर्मनाक तरीके से उसका बचाव किया।
- याचिका समस्तीपुर महिला कॉलेज से रिटायर सेक्शन ऑफिसर रामनवल शर्मा द्वारा दायर की गई थी, जिन्होंने अपने लिए सही वेतनमान और उसके आधार पर बकाया रकम के भुगतान की मांग की थी।
- रामनवल ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय के तहत आनेवाले समस्तीपुर महिला कॉलेज के रोकड़पाल पद से साल 2011 में सेवानिवृत्त हुए थे।




























































