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राष्ट्रीय • दिल्ली

प्रियंका चतुर्वेदी का संजय राउत पर प्रतिक्रिया: क्या पार्टी में है आंतरिक मतभेद?

प्रियंका ने कहा कि उन्हें पार्टी नेतृत्व पर पूरा भरोसा है।

प्रियंका चतुर्वेदी का संजय राउत पर प्रतिक्रिया: क्या पार्टी में है आंतरिक मतभेद?
फोटो: Priyanka Chaturvedi Responds to Sanjay Raut: Are There Internal Differences in the Party?

संजय राउत और प्रियंका चतुर्वेदी के बयानों का टकराव

क्या शिवसेना यूबीटी के भीतर कोई आंतरिक टकराव है? उद्धव ठाकरे गुट के नेताओं के बीच संबंधों में असमानता के मुद्दे हाल के दिनों में चर्चा का विषय बने हुए हैं। इस संदर्भ में, संजय राउत और प्रियंका चतुर्वेदी के बयानों ने स्थिति को और स्पष्ट किया है। संजय राउत ने हाल ही में एक पोस्ट में अल्बानिया में सुप्रीम कोर्ट जलाए जाने का जिक्र किया था, जिसके बाद प्रियंका चतुर्वेदी ने इस पर अपनी असहमति जताई।


राउत के बयान में यह कहा गया था कि अल्बानिया में जनता ने गुस्से में आकर सुप्रीम कोर्ट और अन्य सरकारी संस्थानों पर हमला किया है। यह बयान सियासी गलियारों में चर्चा का केंद्र बन गया, जिसके परिणामस्वरूप प्रियंका चतुर्वेदी ने अपने विचार साझा किए।


प्रियंका चतुर्वेदी का साक्षात्कार

हाल ही में प्रियंका चतुर्वेदी ने एबीपी न्यूज के एक पॉडकास्ट में भाग लिया, जहाँ उनसे संजय राउत के बारे में सवाल पूछा गया कि क्या वह उन्हें 'जीना मुश्किल' करते हैं। प्रियंका ने इस प्रश्न का उत्तर देते हुए कहा कि इस विषय पर संजय राउत से ही जानकारी ली जानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें उद्धव ठाकरे और आदित्य ठाकरे पर पूरा विश्वास है।


प्रियंका ने स्पष्ट किया कि इस सवाल का कोई सीधा हां या ना में उत्तर नहीं दिया जा सकता, जिससे यह स्पष्ट होता है कि वह स्थिति को जटिल मानती हैं।


प्रियंका चतुर्वेदी का स्पष्ट संदेश

प्रियंका ने संजय राउत के बयान पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि हमें सीखने की जरूरत है कि न्याय प्रणाली और कानून-व्यवस्था को अपने हाथ में नहीं लेना चाहिए। उन्होंने हिंसक विरोध प्रदर्शनों से बचने की आवश्यकता पर जोर दिया।


उन्होंने कहा कि 'हिंसा से कुछ हासिल नहीं होता' और इसे देश के हित के खिलाफ बताया। प्रियंका ने बल देकर कहा कि लोकतांत्रिक और संवैधानिक चिंताओं को केवल शांतिपूर्ण और कानूनी माध्यमों से उठाया जाना चाहिए।