पीएम मोदी के भाषण में नहीं हुआ कश्मीरी पंडितों का कोई जिक्र
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पीएम मोदी के भाषण में नहीं हुआ कश्मीरी पंडितों का कोई जिक्र

By AajTak calender  09-Aug-2019

पीएम मोदी के भाषण में नहीं हुआ कश्मीरी पंडितों का कोई जिक्र

जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटने के बाद गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पहली बार राष्ट्र को संबोधित किया. अपने संबोधन में पीएम नरेंद्र मोदी ने 370 हटने पर जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के लोगों को बधाई दी. साथ ही उन्होंने बताया कि अनुच्छेद 370 हटने से लोगों को क्या-क्या लाभ मिलेंगे. कैसे विकास में गति आएगी. पीएम नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कई बातें कहीं. उनका संबोधन लगभग 40 मिनट तक चला. इस दौरान उन्होंने विकास, अनुच्छेद 370, नौकरियां, ईद, आतंकवाद, पाकिस्तान समेत कई शब्द बोले.
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आइए जानते हैं कि पीएम नरेंद्र मोदी ने कौन से शब्द कितनी बार कहे -
शब्द                     कितनी बार बोले
विकास                 10 बार
पंचायत                 19 बार
अनुच्छेद 370          9 बार
सुरक्षा                     8 बार
युवा                       8 बार         
रोजगार                 5 बार
पाकिस्तान             5 बार
वंचित                    4 बार
अलगाववादी          4 बार
ईद                        4 बार
आतंकवाद            4 बार
पीस                     4 बार
शहीद                  3 बार
अंबेडकर/दलित    3 बार
परिवार                 2 बार
पटेल                    1 बार
एसपी मुखर्जी       1 बार
हिंसा                   1 बार
श्रीनगर                1 बार  
निर्माण                 1 बार
अपने संबोधन में पीएम नरेंद्र मोदी ने राज्य को दो हिस्सों में बांटकर जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को केंद्र शासित प्रदेश बनाने के बारे में बताया. पीएम नरेंद्र मोदी ने बताया कि क्यों जम्मू-कश्मीर को कुछ समय के लिए केंद्र शासित प्रदेश बनाया गया है. पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि केंद्र सरकार ने अनुच्छेद 370 हटाने के साथ कुछ कालखंड के लिए जम्मू-कश्मीर को सीधे केंद्र सरकार के शासन में रखने का फैसला बहुत सोच समझकर लिया है. जब से वहां गवर्नर शासन लगा है, तब से वहां का प्रशासन सीधे केंद्र सरकार के संपर्क में है.
पीएम मोदी ने आगे कहा कि हम सभी यही चाहते हैं कि आने वाले समय में जम्मू-कश्मीर विधानसभा के चुनाव हों, नई सरकार बने, मुख्यमंत्री बनें. मैं जम्मू-कश्मीर के लोगों को भरोसा देता हूं कि आपको बहुत ईमानदारी के साथ, पूरे पारदर्शी वातावरण में अपने प्रतिनिधि चुनने का अवसर मिलेगा. मैं आपको विश्वास दिलाता हूं कि जैसे हमने पंचायत के चुनाव पारदर्शिता के साथ संपन्न कराए गए, वैसे ही विधानसभा चुनाव भी होंगे.
 

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