महिलाओं को ₹2,500 देने के वादे को बताया 'झूठ का पुलिंदा'
भारद्वाज ने भाजपा के उस वादे पर भी निशाना साधा, जिसमें दिल्ली चुनाव के दौरान महिलाओं को हर महीने ₹2,500 देने की बात कही गई थी। उन्होंने कहा कि यह घोषणा केवल एक चुनावी जुमला थी, जिसे अब धीरे-धीरे पीछे लिया जा रहा है।
“प्रधानमंत्री ने दिल्ली की हर महिला को ₹2,500 मासिक देने की गारंटी दी थी। भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा, गृह मंत्री अमित शाह और अन्य नेताओं ने इस वादे को दिल्ली की पहली कैबिनेट बैठक में पारित कराने का आश्वासन दिया था। कहा गया था कि 8 मार्च से पैसे मिलना शुरू हो जाएंगे। लेकिन अब हकीकत यह सामने आ रही है कि यह योजना केवल 21 वर्ष से ऊपर की महिलाओं के लिए है। फिर सवाल उठता है कि 18 वर्ष से ऊपर की महिलाओं से वोट क्यों लिए गए?”
AAP नेता ने आरोप लगाया कि यह योजना कई ऐसी शर्तों से जुड़ी है, जो इसका लाभ केवल सीमित वर्ग को ही दिलाएगी।
उन्होंने कहा, “अब बताया जा रहा है कि एक ही परिवार की एक महिला को पैसा मिलेगा, वो भी तब, जब उसके पास बीपीएल या राशन कार्ड हो। साथ ही, केवल उन्हीं महिलाओं को पैसा मिलेगा जिनके बच्चों का टीकाकरण हुआ है। ये सारे नियम तो पहले बताए ही नहीं गए थे। प्रधानमंत्री ने कभी यह स्पष्ट नहीं किया था कि योजना इतनी सीमित दायरे में होगी।”
सौरभ भारद्वाज ने भाजपा सरकार पर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाते हुए कहा कि “यह सरकार पहले दिन से ही जूते, साड़ी और नकदी जैसे प्रलोभन देकर सत्ता में आई थी। लेकिन सत्ता में आने के बाद इतनी तेजी से अपनी विश्वसनीयता खो देने वाली शायद यह पहली सरकार है। अब खबरें यह भी आ रही हैं कि ₹2,500 की राशि भी पूरी एक साथ नहीं दी जाएगी, बल्कि कुछ हिस्सा रोक लिया जाएगा और बाकी सरकार के पास जमा रहेगा। क्या इसी तरीके से अब अधिकारियों और मंत्रियों के वेतन भी रोके जाएंगे?”





