राज्य सरकार के अनुसार, तेलंगाना में मौजूदा स्वीकृत संख्या 83 IPS अधिकारियों की है, जिसे बढ़ाकर 105 करने की जरूरत बताई गई है। मुख्यमंत्री का कहना है कि राज्य में तेजी से बढ़ती प्रशासनिक जिम्मेदारियों और सुरक्षा संबंधी चुनौतियों के कारण अधिक वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की आवश्यकता महसूस की जा रही है।
बढ़ती सुरक्षा चुनौतियों का हवाला
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने गृह मंत्री को बताया कि तेलंगाना भी देश के अन्य राज्यों की तरह कई नई प्रकार की सुरक्षा चुनौतियों का सामना कर रहा है। इनमें साइबर क्राइम, ड्रग तस्करी, व्हाइट-कॉलर अपराध और संगठित अपराध जैसी गतिविधियां तेजी से बढ़ रही हैं।
मुख्यमंत्री के मुताबिक इन खतरों से प्रभावी तरीके से निपटने के लिए पुलिस व्यवस्था को और मजबूत करना जरूरी है। इसी कारण राज्य में IPS अधिकारियों की संख्या बढ़ाना आवश्यक माना जा रहा है, ताकि प्रशासनिक और सुरक्षा ढांचे को बेहतर बनाया जा सके।
कैडर रिव्यू को लेकर भी की मांग
तेलंगाना के गठन के बाद पहली बार IPS कैडर रिव्यू वर्ष 2016 में किया गया था। इसके बाद अगला रिव्यू 2021 में होना तय था, लेकिन इसमें देरी हुई और यह प्रक्रिया 2025 में पूरी हो सकी।
मुख्यमंत्री ने गृह मंत्री से अनुरोध किया कि तीसरा कैडर रिव्यू तय समय के अनुसार 2026 में ही कराया जाए। उनका कहना है कि पिछली समीक्षा के दौरान राज्य को केवल 7 अतिरिक्त IPS अधिकारी ही दिए गए थे, जो वर्तमान जरूरतों के मुकाबले काफी कम हैं।
पिछड़े क्षेत्रों के विकास के लिए भी मांगी मदद
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने राज्य के पिछड़े इलाकों के विकास से जुड़े प्रोजेक्ट्स के लिए केंद्र सरकार से वित्तीय सहायता जारी करने की भी अपील की। उनका कहना है कि इन क्षेत्रों में विकास को गति देने से सामाजिक और आर्थिक स्थिति में सुधार आएगा और सुरक्षा व्यवस्था भी मजबूत होगी।
माओवादी सरेंडर और पुनर्वास पर चर्चा
मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं के बीच राज्य में माओवादी गतिविधियों की स्थिति और उनके आत्मसमर्पण की प्रक्रिया पर भी चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले दो वर्षों में तेलंगाना में पुलिसिंग व्यवस्था में काफी सुधार हुआ है।
राज्य सरकार के मुताबिक इस अवधि में 591 माओवादियों ने हथियार डालकर मुख्यधारा में लौटने का फैसला किया है। सरकार उन्हें नियमों के तहत मुआवजा और पुनर्वास की सुविधाएं उपलब्ध करा रही है, ताकि वे सामान्य जीवन जी सकें।
पुलिसिंग सुधार पर जोर
मुख्यमंत्री ने गृह मंत्री को भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और आधुनिक चुनौतियों से निपटने के लिए पुलिस तंत्र को लगातार सशक्त बना रही है। उन्होंने उम्मीद जताई कि केंद्र सरकार IPS कैडर बढ़ाने की मांग पर सकारात्मक विचार करेगी।
Read This Also:- अमित शाह का बिहार दौरा: 37 राज्यसभा सीटों पर सियासी जंग
Read This Also:- अमित शाह का बिहार दौरा: 37 राज्यसभा सीटों पर सियासी जंग





