दिल्ली विधानसभा चुनाव से पहले आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर हमला होने का दावा किया गया है। AAP ने इस मामले में एक वीडियो जारी किया है, जिसमें यह कहा गया कि केजरीवाल की कार पर हमला हुआ और उन्हें काले झंडे दिखाए गए, साथ ही उनके ऊपर पत्थर भी फेंके गए। यह घटना उस दौरान हुई जब केजरीवाल चुनाव प्रचार में थे। आम आदमी पार्टी ने इस हमले को बीजेपी के डर और उनकी घबराहट से जोड़ते हुए ट्वीट किया, जिसमें आरोप लगाया गया कि "बीजेपी हार के डर से बौखला गई है और उसने अपने गुंडों के जरिए अरविंद केजरीवाल पर हमला करवाया।"
AAP ने आगे कहा, "बीजेपी के प्रत्याशी प्रवेश वर्मा के गुंडों ने अरविंद केजरीवाल पर ईंट-पत्थर फेंकने का प्रयास किया, ताकि वे प्रचार न कर सकें।"
आम आदमी पार्टी का कहना था कि "बीजेपी के इस कायराना हमले से अरविंद केजरीवाल नहीं डरेंगे, और दिल्ली की जनता इस हमले का करारा जवाब देगी।" पार्टी ने इस हमले को न सिर्फ एक राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता का परिणाम बताया, बल्कि इसे लोकतंत्र के खिलाफ एक साजिश भी करार दिया। AAP ने यह भी दावा किया कि इस हमले का उद्देश्य केजरीवाल को चुनाव प्रचार करने से रोकना था, ताकि उनकी लोकप्रियता में कोई और वृद्धि न हो।
वहीं, बीजेपी ने AAP के आरोपों का कड़ा विरोध किया और मामले को अपने पक्ष में घुमाने की कोशिश की।
बीजेपी के उम्मीदवार प्रवेश वर्मा ने कहा कि केजरीवाल की काले रंग की कार उनके कार्यकर्ताओं को रौंदते हुए निकली, जिसके परिणामस्वरूप एक बीजेपी कार्यकर्ता घायल हो गया और उसकी टांग टूट गई। वर्मा ने बताया कि वह उस घायल कार्यकर्ता को देखने के लिए लेडी हार्डिंग अस्पताल जा रहे हैं। इसके साथ ही, वर्मा ने दिल्ली की वर्तमान सरकार पर भ्रष्टाचार और प्रशासनिक विफलताओं के आरोप लगाए। उन्होंने कहा, "केजरीवाल सरकार के 11 वर्षों में दिल्ली न केवल भ्रष्टाचार का शिकार हुई है, बल्कि इसने दिल्ली की स्थिति को पूरी तरह से बर्बाद कर दिया है।"
वर्मा ने दिल्लीवासियों से अपील की कि वे इस सरकार के खिलाफ आवाज उठाएं और दिल्ली को इस भ्रष्टाचार और अराजकता से बचाएं। उन्होंने कहा कि 11 सालों में यमुना नदी का पानी इतनी गंदगी से भर गया है कि अब वह नाले जैसा दिखने लगा है। इस संदर्भ में वर्मा ने यह भी कहा कि "दिल्ली को बचाना है और इसके लिए हमें इस भ्रष्ट सरकार को उखाड़ फेंकना होगा।"
दिल्ली पुलिस ने इस मामले में अलग ही रुख अपनाया। पुलिस ने कहा कि अरविंद केजरीवाल पर कोई हमला नहीं हुआ था और इस आरोप को नकारा। पुलिस के मुताबिक, केजरीवाल की पब्लिक मीटिंग लाल बहादुर सदन में आयोजित की जा रही थी, जिसमें बीजेपी के कुछ लोग भी सवाल पूछने आए थे।
इस दौरान दोनों पक्षों के बीच नारेबाजी हुई, लेकिन पुलिस ने तुरंत हस्तक्षेप किया और दोनों पक्षों को शांत कर दिया। पुलिस का कहना था कि यह किसी प्रकार का हमला नहीं था, बल्कि एक सामान्य नारेबाजी की स्थिति थी, जिसे शांत किया गया और दोनों पक्षों के लोगों को हटा दिया गया।
इस मामले ने दिल्ली की चुनावी राजनीति को और भी गर्मा दिया है, जहां दोनों प्रमुख पार्टियाँ एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर चला रही हैं। आम आदमी पार्टी और बीजेपी के बीच इस प्रकार की तीखी बयानबाजी और हमले से चुनावी माहौल में और भी खटास बढ़ सकती है।
Read This Also:- Delhi Polls: AAP ने जारी की 40 स्टार प्रचारकों की सूची, केजरीवाल और भगवंत मान समेत ये नेता करेंगे प्रचार
Read This Also:- Delhi Polls: AAP ने जारी की 40 स्टार प्रचारकों की सूची, केजरीवाल और भगवंत मान समेत ये नेता करेंगे प्रचार





