| Raise Your Voice
Public Issue



अयोध्या सुनवाई और फैसला, जानें पूरा अपडेट बस एक क्लिक पर

ये स्पेशल पांच जज कर रहे सुनवाई

देश दुनिया जहान की नजर अयोध्या मामले पर होने वाले फैसले पर टिकी हुई है। इस अहम फैसले में जुड़े उन पांच जजों के बारे में जानें हमारे साथ।

बेंच में शामिल चीफ जस्टिस रंजन गोगोई, जस्टिस एसए बोबडे, जस्टिस एनवी रमना, जस्टिस यूयू ललित और जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ फैसला सुनाएंगे।

1. जस्टिस रंजन गोगोई- मुख्‍य न्‍यायधीश रंजन गोगोई असम के पूर्व मुख्‍यमंत्री और कांग्रेस नेता केसब चंद्र गोगोई के बेटे हैं। पहली बार फरवरी 2001 में स्‍थायी जज नियुक्‍त हुए। वर्ष 2012 में सुप्रीम कोर्ट जज बने।

2. जस्टिस एसए बोबडे- देश के 47वें मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) जस्टिस शरद अरविंद बोबडे अदालतों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और उच्च तकनीक के इस्तेमाल की जरूरत को अहम मानते हैं। सीजेआई जस्टिस रंजन गोगोई के रिटायर होने के बाद उनकी सिफारिश पर जस्टिस बोबडे देश के 47वें मुख्य न्यायाधीश बने।

3. जस्टिस एनवी रमना- भारत के सर्वोच्च न्यायालय में न्यायाधीश हैं। इससे पहले दिल्ली उच्च न्यायालय में मुख्य न्यायाधीश और आंध्र प्रदेश उच्च न्यायालय के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश रहे। आपका जन्म आंध्र प्रदेश के कृष्णा जिले के पोन्नवरम गाँव में हुआ । उन्होंने आंध्र प्रदेश, मध्य और आंध्र प्रदेश प्रशासनिक न्यायाधिकरणों और भारत के सर्वोच्च न्यायालय में सेवाएं दीं। उन्हें कर, संविधान, मध्यस्थता, और आपराधिक कानून में पथ-तोड़ने वाले निर्णयों को लिखने के लिए श्रेय दिया गया है।

4. जस्टिस यूयू ललित- एससी एसटी एक्‍ट पर अहम फैसला देने वाली खंडपीठ में जस्टिस ललित भी थे। तकनीकी शिक्षा को लेकर भी उनका फैसला काफी अहम रहा है। डिस्टेंस एजूकेशन काउंसिल मामले में भी उनके फैसले को अहम माना जाता है। 5. जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़: न्‍यायधीश डीवाई चंद्रचूड़ पूर्व मुख्‍य न्‍यायधीश वाईवी चंद्रचूड़ के बेटे हैं। उनके पिता देश में देश के सबसे लंबी अवधि तक रहने वाले मुख्‍य न्‍यायधीश के तौर पर जाने जाते हैं। आप इलाहाबाद हाईकोर्ट के मुख्‍य न्‍यायधीश भी रह चुके हैं।

खबर हर पल की जानने के लिए और ताज़ा Updates के लिए Visit करें https://www.news24ghante.com/

calender  13 Nov 2019

0  0 Comment

Public Issues
Raise Your Voice 

Suffering From Problem In Your Area ? Now Its Time To Raise Your Voice And Make Everyone Know

Public Issues
See more  see-more