पांचों बागी विधायकों के खिलाफ अभय चौटाला ने खुद की विधानसभा अध्यक्ष से कार्रवाई की मांग, नोटिस हुआ जारी
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पांचों बागी विधायकों के खिलाफ अभय चौटाला ने खुद की विधानसभा अध्यक्ष से कार्रवाई की मांग, नोटिस हुआ जारी

By Yuvaharyana calender  28-Jul-2019

पांचों बागी विधायकों के खिलाफ अभय चौटाला ने खुद की विधानसभा अध्यक्ष से कार्रवाई की मांग, नोटिस हुआ जारी

इनेलो के प्रधान महासचिव अभय चौटाला ने अपने पांच विधायकों पर दलबदल का आरोप लगाते हुए विधानसभा अध्यक्ष की कोर्ट में उनके विरूद्ध कार्रवाई की मांग की है। जिसके बाद विधानसभा अध्यक्ष ने पांचों विधायकों को नोटिस जारी कर दिया है और एक हफ्ते में जवाब भी दायर करने के लिए कहा गया है।
इसके साथ ही अभय चौटाला ने इन विधायकों के खिलाफ याचिका दायर करने वाले बलवान सिंह दौलतपुरिया के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की है। जब दौलतपुरिया ने इन विधायकों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी, तब वह इनेलो में थे। फिलहाल बलवान सिंह दौलतपुरिया बीजेपी में शामिल हो गए हैं।
बता दें कि इनेलो के दोफाड़ होने के बाद से ही कई दिग्गजों द्वारा इनेलो पार्टी छोड़ने का सिलसिला लगातार जारी है। कई विधायकों ने इनेलो छोड़कर जेजेपी ज्वाइन कर ली है और कई बीजेपी में शामिल हो चुके हैं। वहीं विधायक नैना चौटाला, पिरथी नंबरदार, अनूप धानक और राजदीप फौगाट जेजेपी के साथ हैं।
तो दूसरी तरफ, रणबीर सिंह गंगवा, केहर सिंह रावत, जाकिर हुसैन, बलवान सिंह दौलतपुरिया और परमिंदर सिंह ढुल अपने पदों से इस्तेफा देकर भाजपा में शामिल हो चुके हैं। विधायक रामचंद्र कंबोज ने भी इनेलो से इस्तीफा दे दिया है, लेकिन वे अब तक किसी भी पार्टी में शामिल नहीं हुए हैं। विधायक नसीम अहमद ने भी कांग्रेस ज्वाइन कर ली है।
आपको बता दें कि इनेलो में अब 19 में से केवल पांच ही विधायक बचे हैं। पांच विधायकों ने दूसरी पार्टियों का खुलकर समर्थन किया है, वहीं, विस अध्यक्ष द्वारा जारी किए गए एक नोटिस के जवाब में पांचों विधायकों ने दावा करते हुए कहा है कि उन्होंने इनेलो नहीं छोड़ी है। इस मामले को लेकर अब इनेलो प्रधान महासचिव अभय चौटाला खुद सामने आ गए हैं और उन्होंने विधावसभा अध्यक्ष के समक्ष नए सिरे से कार्रवाई करने की मांग की है।
अभय चौटाला ने शिकायत करते हुए सबूतों के आधार पर 9 वीडियो सीडी, एक दर्जन फोटो, करीब एक दर्जन समाचार पत्रों की कटिंग को अटैच कर कहा है कि ये चार विधायक जजपा और एक कांग्रेस में जा चुके हैं। अभय का कहना है कि चारों विधायक खुलेआम जेजेपी के साथ मंच साझा कर रहे हैं। जिसके बाद विधानसभा अध्यक्ष ने याचिका को स्वीकार करते हुए पांचों विधायकों को नोटिस जारी कर एक हफ्ते के अंदर- अंदर जवाब मांगा है।

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